भारतीय साक्ष्य अधिनियम की धारा 34 | लेखा पुस्तकों की प्रविष्टियाँ, जिनमें वे शामिल हैं, जिन्हें इलेक्ट्रानिक रूप में रखा गया है, कब सुसंगत हैं | Indian Evidence Act Section- 34 in hindi| Entries in the books of account, including those maintained in an eletronic form, when relevant.

नमस्कार दोस्तों, आज हम आपके लिए भारतीय साक्ष्य अधिनियम की धारा 34 के बारे में पूर्ण जानकारी देंगे। क्या कहती है भारतीय साक्ष्य अधिनियम की धारा 34, साथ ही क्या बतलाती है, यह भी इस लेख के माध्यम से आप तक पहुंचाने का प्रयास करेंगे।

धारा 34 का विवरण

भारतीय साक्ष्य अधिनियम (Indian Evidence Act) की धारा 34 के अन्तर्गत कारोबार के अनुक्रम में नियमित रूप से रखी गई [लेखा पुस्तकों की प्रविष्टियाँ, जिनमें वे शामिल हैं, जिन्हें इलेक्ट्रानिक रूप में रखा गया है], जब कभी वे ऐसे विषय का निर्देश करती हैं। जिसमें न्यायालय को जांच करनी है, सुसंगत हैं, किन्तु अकेले ऐसे कथन ही किसी व्यक्ति को दायित्व से भारित करने के लिये पर्याप्त साक्ष्य नहीं होंगे।

भारतीय साक्ष्य अधिनियम की धारा 34 के अनुसार

लेखा पुस्तकों की प्रविष्टियाँ, जिनमें वे शामिल हैं, जिन्हें इलेक्ट्रानिक रूप में रखा गया है, कब सुसंगत हैं–

कारोबार के अनुक्रम में नियमित रूप से रखी गई [लेखा पुस्तकों की प्रविष्टियाँ, जिनमें वे शामिल हैं, जिन्हें इलेक्ट्रानिक रूप में रखा गया है], जब कभी वे ऐसे विषय का निर्देश करती हैं। जिसमें न्यायालय को जांच करनी है, सुसंगत हैं, किन्तु अकेले ऐसे कथन ही किसी व्यक्ति को दायित्व से भारित करने के लिये पर्याप्त साक्ष्य नहीं होंगे।

Entries in the books of account, including those maintained in an eletronic form, when relevant-
Entries in the books of account, including those maintained in an electronic form, regularly kept in the course of business, are relevant whenever they refer to a matter into which the Court has to inquire, but such statements shall not alone be sufficient evidence to charge any person with liability.

दृष्टान्त
ख पर क 1,000 रुपयों के लिये वाद लाता है और अपनी लेखा बहियों की वे प्रविष्टियां दर्शित करता है, जिनमें ख को इस रकम के लिये उसका ऋणी दर्शित किया गया है। ये प्रविष्टियां सुसंगत हैं, किन्तु ऋण साबित करने के लिये अन्य साक्ष्य के बिना पर्याप्त नहीं हैं।

हमारा प्रयास भारतीय साक्ष्य अधिनियम की धारा 34 की पूर्ण जानकारी, आप तक प्रदान करने का है, उम्मीद है कि उपरोक्त लेख से आपको संतुष्ट जानकारी प्राप्त हुई होगी, फिर भी अगर आपके मन में कोई सवाल हो, तो आप कॉमेंट बॉक्स में कॉमेंट करके पूछ सकते है।

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